PDS दुकान आवंटन में कथित घूसखोरी का बड़ा खुलासा, पूर्णिया में ‘बड़ा बाबू’ समेत 3 गिरफ्तार
बनमनखी अनुमंडल कार्यालय में PDS दुकान आवंटन के नाम पर कथित अवैध वसूली के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। सोशल मीडिया पर घूसखोरी से जुड़े ऑडियो-वीडियो वायरल होने के बाद जिलाधिकारी अंशुल कुमार के निर्देश पर कराई गई जांच में प्रथम दृष्टया अनियमितताओं की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है।
पूर्णिया। बनमनखी अनुमंडल कार्यालय में PDS दुकान आवंटन के नाम पर कथित अवैध वसूली के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। सोशल मीडिया पर घूसखोरी से जुड़े ऑडियो-वीडियो वायरल होने के बाद जिलाधिकारी अंशुल कुमार के निर्देश पर कराई गई जांच में प्रथम दृष्टया अनियमितताओं की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार लोगों में बनमनखी अनुमंडल कार्यालय के प्रधान लिपिक यानी ‘बड़ा बाबू’ अभिषेक कुमार राय, नाजिर कन्हैया झा और कथित तौर पर फर्जी डिग्री तैयार करने वाला अमरेंद्र गुप्ता शामिल है। मामले में जिला आपूर्ति पदाधिकारी की शिकायत पर बनमनखी थाना में कांड संख्या 304/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
30 PDS दुकानों के आवंटन पर उठे सवाल
बताया जा रहा है कि बनमनखी अनुमंडल क्षेत्र में करीब 30 PDS दुकानों के लाइसेंस आवंटन की प्रक्रिया के दौरान अभ्यर्थियों से कथित तौर पर पैसे मांगने और दबाव बनाने से संबंधित कई ऑडियो-वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे। मामला सामने आते ही जिलाधिकारी ने जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की।
जांच टीम में अपर समाहर्ता मुकेश कुमार मुकुल, जिला आपूर्ति पदाधिकारी रविशंकर उरांव और साइबर डीएसपी कनिष्क श्रीवास्तव शामिल थे। टीम ने वायरल सामग्री, दस्तावेजों और संबंधित लोगों के बयान की जांच की।
2 से 3 लाख रुपये मांगने का आरोप
वायरल ऑडियो में प्रधान लिपिक पर PDS दुकान आवंटन के लिए कथित तौर पर दो से तीन लाख रुपये मांगने के आरोप सामने आए हैं। वहीं, नाजिर पर भी कथित तौर पर स्कैनर के जरिए 25 हजार रुपये मंगाने का आरोप है।
जिलाधिकारी अंशुल कुमार के अनुसार, वायरल वीडियो के बाद त्वरित जांच कराई गई और आरोप सही पाए जाने पर मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई। पुलिस अब पूरे मामले में अन्य संभावित लोगों की भूमिका और वित्तीय लेन-देन से जुड़े साक्ष्यों की जांच कर रही है।