कसबा में बड़ा खुलासा: 1,986 'मुर्दे' ले रहे थे पेंशन! पंचायत से नगर परिषद तक फैला नेटवर्क, रिकवरी की तैयारी
पूर्णिया जिले के कसबा क्षेत्र से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है, जहाँ 1,986 मृत पेंशनधारियों के खातों में उनकी मौत के बाद भी पेंशन की राशि लगातार भेजी जाती रही।
पंकज झा
कसबा (पूर्णिया): इंसान भले ही दुनिया छोड़कर चला गया हो, लेकिन सरकारी फाइलों और बैंक खातों में उसकी पेंशन का सिलसिला बदस्तूर जारी रहा! पूर्णिया जिले के कसबा क्षेत्र से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है, जहाँ 1,986 मृत पेंशनधारियों के खातों में उनकी मौत के बाद भी पेंशन की राशि लगातार भेजी जाती रही।
हाल ही में हुए जीवन प्रमाणीकरण (Life Verification) अभियान के दौरान जब आँकड़ों की जाँच हुई, तो इस बड़े मामले का पर्दाफाश हुआ। कसबा ग्रामीण और कसबा नगर परिषद दोनों ही क्षेत्रों में यह लापरवाही उजागर हुई है।
कसबा का क्षेत्रवार आँकड़ा
जाँच में सामने आए आँकड़ों के अनुसार कसबा क्षेत्र में कुल 1,986 मृत पेंशनधारी चिन्हित किए गए हैं।कसबा (ग्रामीण / पंचायत): 1,156 मृत लाभुक,कसबा (नगर परिषद): 830 मृत लाभुक, कुल संख्या: 1,986 है।
डीएम का सख्त रुख: पाई-पाई होगी वसूल
बिहार सरकार के सामाजिक सुरक्षा निदेशालय के निर्देश पर पूर्णिया के डीएम अंशुल कुमार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को संबंधित बैंकों के साथ सीधा समन्वय बनाकर मृत्यु की तिथि के बाद खातों में भेजी गई संपूर्ण पेंशन राशि वसूलने का आदेश दिया गया है। पंचायत सचिव और क्षेत्रीय कर्मियों को निर्देश दिया गया है कि वे स्थानीय स्तर पर मृत्यु प्रमाण-पत्र या सत्यापन के जरिए पहचान करें। सूचना मिलते ही BDO पोर्टल पर 'डेथ मार्क' करेंगे ताकि भविष्य में गलत भुगतान पूरी तरह रुक सके।
सरकारी खाते में होगी वापसी
वसूल की गई पूरी राशि को सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के आधिकारिक बैंक खाते में वापस जमा कराया जाएगा और इसकी रिपोर्ट पटना निदेशालय को भेजी जाएगी। स्थानीय प्रशासन और बैंक शाखाओं को निर्देश दिए गए हैं कि इस वसूली प्रक्रिया में किसी भी तरह की ढिलाई न बरती जाए और शत-प्रतिशत राशि सरकारी खजाने में वापस लाई जाए।