₹40 के 'बन-मक्खन' ने उतारी IPS की खुमारी: लखनऊ में पकड़ा गया 'सैल्यूट' मांगने वाला फर्जी अफसर!
लखनऊ में तो सिर्फ 40 रुपये के बन-मक्खन के चक्कर में एक 'साहब' का ऐसा भंडाफोड़ हुआ कि अब वे सीधे हवालात पहुंच गए हैं। खुद को नोएडा का कड़क IPS अफसर बताकर चायवाले से लेकर पुलिस तक पर रौब झाड़ने वाले इस 'फर्जी कप्तान' की पोल महज़ चंद मिनटों में खुल गई।
नकली आईपीएस: कहते हैं कि लालच इंसान से क्या कुछ नहीं कराता, लेकिन लखनऊ में तो सिर्फ 40 रुपये के बन-मक्खन के चक्कर में एक 'साहब' का ऐसा भंडाफोड़ हुआ कि अब वे सीधे हवालात पहुंच गए हैं। खुद को नोएडा का कड़क IPS अफसर बताकर चायवाले से लेकर पुलिस तक पर रौब झाड़ने वाले इस 'फर्जी कप्तान' की पोल महज़ चंद मिनटों में खुल गई।
मामला क्या है?
महानगर इलाके के मशहूर गोल मार्केट चौराहे पर एक शख्स बड़े टोन में चाय की दुकान पर पहुंचा। उसने मजे से ₹40 का बन-मक्खन खाया। लेकिन जैसे ही दुकानदार ने पैसे मांगे, 'साहब' का पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया। पैसे देने के बजाय वह दुकानदार को आंखें दिखाने लगा और कड़क आवाज़ में बोला— "पहचानता नहीं है? नोएडा में तैनात IPS अधिकारी हूं!"
...और ऐसे खुली 'फर्जी कप्तान' की पोल
चायवाले को 'साहब' की बातें और उनका अजीब व्यवहार देखकर कुछ शक हुआ। उसने बिना डरे चुपके से स्थानीय पुलिस को फोन घुमा दिया। सूचना मिलते ही जब पुलिस मौके पर पहुंची, तो आरोपी का कॉन्फिडेंस देखने लायक था। उसने असली पुलिसवालों पर ही धौंस जमाना शुरू कर दिया। हद तो तब हो गई जब उसने सामने खड़े पुलिसकर्मियों को डांटते हुए पूछा— "तुम लोगों को तमीज नहीं है? एक IPS खड़ा है और तुमने अभी तक सैल्यूट क्यों नहीं मारा?" पुलिस ने जब ठंडे दिमाग से काम लिया और कहा, "सर, जरा अपना आईकार्ड और ऑफिशियल डॉक्युमेंट्स दिखा दीजिए..." बस, यहीं से 'साहब' की सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई। वह कोई भी वैध दस्तावेज नहीं दिखा पाया।
IPS नहीं, प्राइवेट नौकरी वाले निकले 'शुक्ला जी'
जब पुलिस उसे थाने ले गई और थोड़ी सख्ती से पूछताछ की, तो सारी 'कप्तानी' धरी की धरी रह गई।आरोपी का असली नाम मिथिलेश शुक्ला है, जो लखनऊ के सीतापुर रोड (भरतनगर) का रहने वाला है। वह कोई पुलिस अफसर नहीं, बल्कि नोएडा के सेक्टर-18 में एक प्राइवेट कंपनी में मामूली नौकरी करता है। ₹40 बचाने और रौब झाड़ने के लिए वह अक्सर लोगों पर फर्जी रौब गांठता था।
पुलिस ने सिखाया सबक
गोल मार्केट चौकी प्रभारी आर्यन शर्मा की तहरीर पर महानगर थाने में आरोपी मिथिलेश शुक्ला के खिलाफ सरकारी काम में बाधा डालने, जालसाजी और पुलिस को गुमराह करने की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या इस 'फर्जी IPS' ने पहले भी किसी को अपना शिकार बनाया है।