नेपाल में भोटे कोशी की भीषण बाढ़: 1,000 से अधिक शव बरामद, 4,600 से ज्यादा लोग लापता; राहत कार्य जारी

नेपाल के रसुवा क्षेत्र में भोटे कोशी नदी में आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। नेपाल न्यूज के मुताबिक, आपदा के बाद चलाए जा रहे खोज और बचाव अभियानों के दौरान अब तक 1,058 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 4,606 लोग अभी भी लापता हैं।

नेपाल में भोटे कोशी की भीषण बाढ़: 1,000 से अधिक शव बरामद, 4,600 से ज्यादा लोग लापता; राहत कार्य जारी

काठमांडू: नेपाल के रसुवा क्षेत्र में भोटे कोशी नदी में आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। नेपाल न्यूज के मुताबिक, आपदा के बाद चलाए जा रहे खोज और बचाव अभियानों के दौरान अब तक 1,058 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 4,606 लोग अभी भी लापता हैं। प्रभावित क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर खोज, बचाव, राहत और शव प्रबंधन का काम चल रहा है।

नेपाल पुलिस द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, आपदा प्रबंधन के लिए 7,912 पुलिस कर्मियों को मैदान में उतारा गया है। राहत कार्य के दौरान पुलिस विभाग को भी नुकसान पहुंचा है—65 कर्मी इस आपदा से प्रभावित हुए हैं और 25 जवानों से फिलहाल संपर्क नहीं हो पा रहा है।

हताहतों और प्रभावितों का आंकड़ा

  • बरामद शव: कुल 1,508 शवों/अवशेषों में से 361 पुरुष, 232 महिलाएं, 35 बच्चियां, 30 लड़के और 390 आंशिक शारीरिक अंग शामिल हैं।

  • शवों की पहचान और अंतिम संस्कार: बरामद शवों में से 58 परिजनों को सौंपे जा चुके हैं, 972 का कानूनी व चिकित्सीय परीक्षण पूरा हो चुका है, और 684 शवों को दफनाया गया है। नेपाल न्यूज के मुताबिक, 869 अज्ञात लोगों की पहचान के लिए उनके विवरण पुलिस की वेबसाइट पर अपलोड किए गए हैं।

  • बचाए गए और घायल: पुलिस ने 4,530 लोगों को सुरक्षित निकालने या घायल होने की पुष्टि की है (3,214 पुरुष, 1,302 महिलाएं, 14 अन्य)। इनमें 580 विदेशी नागरिक भी शामिल हैं।

लापता लोगों की स्थिति

नेपाल न्यूज के मुताबिक, कुल 4,606 लापता लोगों में 2,683 नेपाली नागरिक (2,315 पुरुष और 368 महिलाएं) हैं। इनमें से 1,340 मामलों की जानकारी फोन के जरिए दर्ज कराई गई थी। इसके अलावा, 583 विदेशी नागरिक भी लापता हैं, जिनमें 251 पुरुष, 330 महिलाएं और 2 अन्य शामिल हैं।

 आश्रय केंद्र

विस्थापन के बाद कुल 3,453 लोगों को सुरक्षित आश्रय/हिरासत केंद्रों में रखा गया है। इनमें सबसे ज्यादा नुवाकोट में 2,466, रसुवा में 398, काठमांडू में 329 और धाडिंग में 260 लोग शरण लिए हुए हैं। क्षेत्र में अभी भी बड़े पैमाने पर राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है।