पूर्णिया में बड़ा हादसा: पोखर में जाल लगाने गए एक ही परिवार के तीन मासूम भाइयों की डूबने से मौत, बचाने के चक्कर में तीनों गवां बैठे जान

बिहार के पूर्णिया जिले से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ कसबा थाना क्षेत्र की कुल्ला खास पंचायत के आलमनगर गांव (वार्ड संख्या 7) में पोखरी में डूबने से एक ही परिवार के तीन सगे भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई।

पूर्णिया में बड़ा हादसा: पोखर में जाल लगाने गए एक ही परिवार के तीन मासूम भाइयों की डूबने से मौत, बचाने के चक्कर में तीनों गवां बैठे जान

पूर्णिया। बिहार के पूर्णिया जिले से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ कसबा थाना क्षेत्र की कुल्ला खास पंचायत के आलमनगर गांव (वार्ड संख्या 7) में पोखरी में डूबने से एक ही परिवार के तीन सगे भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मछली पकड़ने गए थे चार भाई

प्राप्त जानकारी के अनुसार, आलमनगर निवासी अलंगीर के चार बेटे गाँव के ही एक पोखर में मछली पकड़ने के लिए जाल लगाने गए थे। इसी दौरान एक बच्चा गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। उसे डूबता देख बाकी भाइयों ने उसे बचाने की कोशिश की। देखते ही देखते, एक-दूसरे को बचाने के प्रयास में तीन मासूम भाई बारी-बारी से गहरे पानी में समा गए और उनकी दम घुटने से मौत हो गई।

चौथे भाई ने भागकर घर वालों को दी सूचना

घटना के समय मौजूद चौथे भाई ने किसी तरह अपनी जान बचाई और भागकर घर पहुँचकर परिजनों व ग्रामीणों को पूरी आपबीती सुनाई। सूचना मिलते ही ग्रामीण भारी संख्या में पोखर की ओर दौड़े। स्थानीय लोगों की मदद से काफी मशक्कत के बाद तीनों बच्चों को पानी से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और तीनों की मृत्यु हो चुकी थी।

मृतकों की पहचान

इस हादसे में काल के गाल में समाए मासूम बच्चों की पहचान अलंगीर के बेटों के रूप में हुई है। मृतकों में मफेजूल (उम्र 9 वर्ष),तफूजूल (उम्र 8 वर्ष) औरसिराजूल (उम्र 7 वर्ष)

पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा

हादसे की सूचना मिलने के तुरंत बाद कसबा थाना पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुँची। पुलिस ने स्थिति को संभालते हुए तीनों बच्चों के शवों को अपने कब्जे में लिया और कागजी प्रक्रिया पूरी कर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। पुलिस पूरे मामले की छानबीन कर रही है। एक साथ तीन चिरागों के बुझ जाने से गांव में चूल्हे तक नहीं जले हैं और हर आँख नम है।